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जिंदगीनामा बड़ी खबर
ऐसे हैं बाबा सैयद रमज़ान शाह राईनी
द्वारा: सैयद मजहर हुसैन
सादा लिबास, मुस्कराता चेहरा, हर व्यक्ति से प्रेम भाव से मिलना और सबके बारे में बेहतर सोचना यही तो शरीफ और सच्चे आदमी की पहचान है। आज ऐसे लोगों की भारी कमी है, ऐसे लोग बहुत ही कम देखने को मिलते हैं.... पूरा पढ़ें
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जिंदगीनामा और खबरें
द्वारा: चंदन भाटी
बाड़मेर: राजस्‍थान के जैसलमेर और बाड़मेर जिलों की सरहद पर बसे देवड़ा गांव में अब किसी भाई की कलाई सूनी नहीं है। कई सदियों तक इस गांव के ठाकुरों के परिवारों में किसी कन्या का जन्म नहीं होने दिया गया, मगर बदलाव और जागरूकता की बयार के चलते इस गांव में अब हर आंगन में .... पूरा पढ़ें   /   खबर/आलेख पर चर्चा करें
द्वारा: रोबिन सिंह
वाशिंगटन: अगर आप भी सच्चे प्यार के इंतजार में हैं तो अपने पार्टनर से नजदीकियां बढ़ाने से पहले थोड़ा इंतजार करें..। यकीनन नजदीकियां बढ़ने से पहले एक दूसरे को अच्छी तरह से जान लेना रिश्तों को मजबूत बनाता है। दुनिया की पहली 3डी पॉर्न फिल्‍म के फोटो देखें एक हालिय.... पूरा पढ़ें   /   खबर/आलेख पर चर्चा करें
द्वारा: रोबिन सिंह
लंदन: औसत दम्पती बच्चा पाने की कोशिश में गर्भधारण करने से पहले 104 बार सेक्स कर चुके होते हैं। एक शोध में पता चला है कि किसी आम महिला को पहला बच्च धारण करने के लिए छह माह लग जाते हैं। इस दौरान वह एक सप्ताह में कम से कम चार बार सेक्स करती हैं। दुनिया की पहली 3डी पॉर्न फ.... पूरा पढ़ें   /   खबर/आलेख पर चर्चा करें
द्वारा: विजय कुमार
सिडनी: आम महिलाओं की अपेक्षा गरीब परिवारों की महिलाओं के हिंसा के शिकार होने की आशंका तीन गुना अधिक रहती है।एक नए अध्ययन में खुलासा हुआ है कि 35 से 44 आयु वर्ग की 25 में से एक महिला पर 12 महीने के दौरान या तो हमला होता है या उन्हें धमकाया जाता है। अध्ययन में बताया गया है .... पूरा पढ़ें   /   खबर/आलेख पर चर्चा करें
द्वारा: chandan bhati
बाडमेर: भारत को आजाद हुऐ भले ही साठ दशक से ज्यादा समय हो गया, मगर दलित वर्ग दाज भी स्वर्णो की चौखटों से आगे बढ नहीं पाया। सरकारी विद्यालयों में आज भी दलित छात्रों कें साथ सरेआम भेदभाव होता हैं। विद्यालयों में मिलने वाले खाने के लिऐ आज भी उन्हे स्वर्ण छात्रों से अ.... पूरा पढ़ें   /   खबर/आलेख पर चर्चा करें
द्वारा: विकास कुमार
(स्वतंत्रता दिवस पर विशेष) देश को आजाद हुए 63 बरस होने को हैं, आज भी ऐसी कई समस्याएं हैं, जिनसे आजादी मिलना अभी बाकी है। विशेषज्ञों की मानें तो मौजूदा परिस्थितियों को देखते हुए देश को एक महात्मा गांधी की जरूरत है, जो समस्याओं की खाई को पाट कर देश को ‘वास्तविक स्वत.... पूरा पढ़ें   /   खबर/आलेख पर चर्चा करें
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ब्‍लॉग व विचार    
आपका मत
क्‍या वजह है कि 3,00000 करोड़ डॉलर की अर्थव्‍यवस्‍था वाले देश भारत में सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बावजूद गरीबों में वितरित किए जाने के बजाय सड़ा दिया जाता है?
प्रबंधन की खामियां इसके लिए जिम्‍मेदार हैं
सरकारें/प्रशासन पूरी तरह संवेदनहीन हैं
सरकार पूंजीपतियों को फायदा पहुंचाना चाहती है
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स्‍टेप मदर हमेशा दुष्ट नहीं होती: रामपाल
द्वारा: दिब्यज्योति बक्शी
मुंबई: अपनी नई फिल्म 'वी आर फेमिली' में तीन बच्चों के तलाकशुदा पिता की भूमिका निभाने वाले अभिनेता अर्जुन रामपाल .... पूरा पढ़ें
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